स्कूलों से जुड़ी मिड-डे मील योजना को सरकार अब ज्यादा पारदर्शी बनाएगी।
सरकार ने इसे लेकर बड़े स्तर पर कोशिश शुरू की है। इसके तहत राज्यों को हर
महीने मिड-डे मील के लाभार्थियों की सही संख्या बतानी होगी। ऐसा ना करने
पर राज्यों की वित्तीय मदद रोकी जा सकती है।
योजना के तहत अब तक राज्यों की
ओर से लाभार्थियों की सही संख्या देने के बजाय औसत संख्या ही बताई जाती
है, जो उनकी ओर से तीन से छह महीने में भेजी जाती है।
केंद्र सरकार की इस योजना से जुड़े अधिकारियों के मुताबिक औसत संख्या की
आड़ में अब तक राज्यों में मिड-डे मील के नाम पर भारी घालमेल किया जा रहा
था, लेकिन इसे अब वह डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) स्कीम की तरह
पारदर्शी बनाने की कोशिश कर रहे हैं। इसके लिए राज्यों को हर महीने योजना
के लाभार्थियों की सही संख्या बतानी होगी। ये सभी आधार से लिंक होंगे।
सरकार की कोशिश है कि इससे कोई भी जरूरतमंद वंचित ना हो। साथ ही ज्यादा
संख्या बताकर राज्यों की ओर से जो ज्यादा फंड लिया जा रहा है, उस पर तत्काल
रोक लगाई जा सके। जो राज्य इनमें असफल रहेंगे, उनकी वित्तीय मदद रोकी जा
सकती है। हाल ही में सरकार ने मिड-डे मील की गुणवत्ता को बेहतर बनाने के
लिए सोशल ऑडिट कराने की दिशा में काम शुरू किया है।
लेटेस्ट Sarkari Naukri, Govt Jobs, Results, Admit Card, Exam Dates और Education News के लिए भरोसेमंद वेबसाइट – E Sarkari Naukri Blog
Important Posts
Advertisement
Breaking News
- मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना का पोर्टल चल गया है कृपया आप सभी रजिस्ट्रेशन करना प्रारंभ कर दें।
- 2004 में शिक्षामित्रों की नियुक्तियों हेतु जारी विज्ञप्ति: इसी विज्ञप्ति के आधार पर हुआ था शिक्षामित्रों की का चयन
- 72825 भर्ती की याचिका में याची बनने के लिए क्या-2 चाहिए और कैसे शामिल हों, यहाँ करें सम्पर्क : प्रदेश अध्यक्ष आरटीई एक्टिविस्ट : 72825 प्रशिक्षु शिक्षकों की भर्ती Latest News
- प्रत्यावेदन के किये अपनी कंप्यूटर आईडी देखें : Download All District Data Of 72825 Recruitment
- शिक्षा मित्र माहवार उपस्थिति प्रपत्र तारीख 1 से 31 तक, देखें और डाउनलोड करें,निचे क्लिक करें

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें