📊 जनगणना 2025: इस बार मिलेगा ज्यादा मानदेय — कर्मचारी और स्वयंसेवकों के लिए बड़ी खुशखबरी!

भारत में जनगणना (Census 2025) की तैयारियां जोरों पर हैं और इसे बेहतर तरीके से सम्पन्न कराने के लिए सरकार ने मानदेय बढ़ाने का बड़ा निर्णय लिया है। देशभर के कर्मचारियों, टीम लीडरों और स्वयंसेवकों को इस बार पूर्व से अधिक मानदेय मिलेगा, जिससे जनगणना कार्य में उत्साह और भागीदारी बढ़ेगी।


🆕 क्यों बढ़ाया जा रहा मानदेय?

सरकार का मानना है कि:

  • जनगणना एक बुनियादी जनसांख्यिकीय कार्य है

  • इसमें लगभग हर घर तक सर्वे करना होता है

  • कर्मचारियों और स्वयंसेवकों को कठिन भू‑भागों, ग्रामीण/शहरी क्षेत्रों में व्यापक काम करना होता है

  • अतः मानदेय महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाता है

वहीं, इस बार मानदेय बढ़ाने के पीछे इसी बात को प्राथमिकता दी जा रही है।


💰 मानदेय में कितना संभावित बढ़ोतरी?

सरकारी सूत्रों के अनुसार (आधिकारिक अधिसूचना जारी होने पर अंतिम संख्या निश्चित होगी):

  • सीनियर कर्मचारियों व पर्यवेक्षकों के लिए मानदेय अधिक

  • स्थानीय स्वयंसेवकों को भी बेहतर मानदेय राशि

  • कुल मानदेय पूर्व की तुलना में आकर्षक और प्रतिस्पर्धी

यह बदलाव जनगणना के कार्य को कुशल और बेहतर बनाना चाहता है।


📌 किसे मिलेगा अधिक लाभ?

✔️ जिला/तेhsil स्तर के पर्यवेक्षक
✔️ डेटा संग्रहकर्ता
✔️ स्थानीय स्वयंसेवक
✔️ ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में कार्यरत टीम
✔️ प्रशिक्षित कर्मचारियों को प्रोत्साहन


🧑‍💻 लोकल रोजगार को भी मिलेगा फायदा

मानदेय वृद्धि का सीधा प्रभाव:

  • स्थानीय युवाओं को रोजगार अवसर

  • आय में वृद्धि

  • समयबद्ध काम के लिए प्रोत्साहन

  • कठिन भौगोलिक क्षेत्रों में बेहतर भागीदारी


📢 सरकार का संदेश

सरकार का कहना है कि अधिक मानदेय:

✔️ जनगणना की गुणवत्ता बढ़ाएगा
✔️ समय पर डेटा एकत्रीकरण सुनिश्चित करेगा
✔️ कर्मचारियों की भागीदारी और उत्साह को बढ़ावा देगा


🧾 क्या आगे भी संशोधन हो सकते हैं?

हाँ — जैसे ही आधिकारिक नियुक्ति पत्र और अधिसूचना जारी होंगे, उनमें मानदेय, समय, स्थान और नियमों की विस्तृत जानकारी दी जाएगी।