इलाहाबाद। उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET)-2017 के सर्टिफिकेट वितरण पर परीक्षा नियामक प्राधिकारी कार्यालय इलाहाबाद द्वारा रोक लगा दी गई है। इस बाबत सभी जिलों के डायट को आदेश जारी कर दिया गया है और अंतरिम आदेश आने तक इस आदेश का पालन करने को कहा गया है।
सचिव परीक्षा नियामक की ओर से जारी आदेश में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान प्राचार्यों को यह कहा गया है कि वह प्राथमिक स्तर व उच्च प्राथमिक स्तर के अभ्यर्थियों के प्रमाण पत्र को न बांटे। प्राचार्यों को प्रमाण पत्र को डायट कार्यालय में ही सुरक्षित रखने व सर्टीफिकेट वितरण से संबंधित अगले आदेश का इंतजार करने को कहा गया है।
पूर्ण संभावना है कि लिखित परीक्षा स्थगित कर दी जाए
गौरतलब है कि शिक्षक भर्ती की लिखित परीक्षा को देखते हुए इस समय सभी जिलों में जिला एवं प्रशिक्षण संस्थानों से TET 2017 के अर्ह अभ्यर्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किया जा रहा था, लेकिन उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) - 2017 की आंसर - की को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया। जिसके चलते तत्काल प्रभाव से पूर्व रिजल्ट के अनुसार बांटे जा रहे सर्टीफिकेट पर रोक लगा दी गई है। ऐसे में शिक्षक भर्ती की 12 मार्च को प्रस्तावित परीक्षा पर फिलहाल ग्रहण लगता दिख रहा है और मौजूदा हालात को देखते हुए पूर्ण संभावना है कि लिखित परीक्षा स्थगित कर दी जाए।
क्या है मामला
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने दो दिन पहले टीईटी -2017 से संबंधित याचिका पर सुनवाई करते हुये टीईटी -2017 की आन्सर -की को रद्द कर दिया था। साथ ही याचियों द्वारा आपत्ति किए गए 14 प्रश्नों को हटाकर फिर से मूल्यांकन करने और नई मेरिट जारी करने का आदेश दिया था। इस आदेश के बाद परीक्षा नियामक प्राधिकारी कार्यालय की ओर से सभी जिले के डायट को आदेशित कर दिया गया है कि वह TET के प्रमाण पत्र का वितरण रोक दें । इस बाबत जानकारी देते हुए सचिव परीक्षा नियामक प्राधिकारी इलाहाबाद डा. सुत्ता सिंह ने बताया कि हाई कोर्ट के आदेश के अनुक्रम में आगे की कार्रवाई होगी। फिलहाल TET के प्रमाण पत्र वितरण पर रोक लगा दी गई है।
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