नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश के बहराइच में फर्जी डिग्री हासिल कर बाद में सहायक शिक्षक की नौकरी हथियाने का मामला सामने आया है। वर्ष 2005 में डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय आगरा से कुछ छात्रों ने बीएड की फर्जी डिग्री हासिल कर बाद में सहायक शिक्षक की नौकरी हथिया ली।
शिक्षा विभाग में फर्जी डिग्री के सहारे बहराइच में नौकरी कर रहे 12 शिक्षकों को बर्खास्त कर दिया गया है। बर्खास्त शिक्षकों में पांच महिलाएं हैं। जांच शुरू होने के बाद से सभी शिक्षक फरार थे।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. अमरकांत सिंह ने बताया कि बीते कुछ साल में जिले के प्राथमिक विद्यालयों में टी.ई.टी. उत्तीर्ण बी.एड. डिग्री धारियों की नियुक्ति हुई थी। इनमें कन्नौज, एटा, कानपुर, शिकोहाबाद, फिरोजाबाद, मैनपुरी एवं आगरा के शिक्षक शामिल थे। इनमें एक शिक्षक की नियुक्ति 2016 में, चार की नियुक्ति 2017 में और सात शिक्षकों की नियुक्ति 2011 में हुई थी।
मामला अदालत पहुंचने पर डिग्रियों की जांच अपर पुलिस महानिदेशक विशेष जांच दल (एसआईटी), उत्तर प्रदेश को सौंपी गई। उन्होंने बताया कि एसआईटी जांच रिपोर्ट के आधार पर आरोपी शिक्षकों को 22 दिसंबर 2017 को नोटिस भेजा गया था, लेकिन नोटिस मिलने पर फर्जीवाड़े का खुलासा होते देख सभी शिक्षकों ने ड्यूटी छोड़ दी । उन्होंने बताया कि तीन महीने तक इंतजार के बाद भी इन शिक्षकों का जवाब नहीं मिला। कल अधिकारी ने इन सभी शिक्षको को बर्खास्त करते हुए इनके खिलाफ पुलिस में मामला दर्ज करवाया।
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