इलाहाबाद : शैक्षिक पंचांग के मुताबिक सत्र 2018-19 के लिए कक्षा 6 एवं
12 के छात्र-छात्रओं के पंजीकरण का भौतिक सत्यापन इस वर्ष जिला विद्यालय
निरीक्षक (डीआइओएस) के माध्यम से किया जाएगा। इस व्यवस्था से किसी भी
विद्यालय में छात्र संख्या को लेकर धांधली नहीं हो पाएगी।
दोनों कक्षाओं
में उतना ही पंजीकरण होगा, जितने छात्र-छात्रएं संस्था में पढ़ रहे हैं।
पंजीकृत संख्या आधार पर वर्ष भर कक्षाओं में संसाधन उपलब्ध कराने होंगे।
1पंचाग के मुताबिक यूपी बोर्ड के विद्यालयों में 25 अप्रैल तक कक्षा 1 से 9
तक के दाखिले पूरे करने हैं। इंटरमीडिएट शिक्षा अधिनियम के अंतर्गत परिषद
के आगामी हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट सहित सभी कक्षाओं के परीक्षार्थियों का
भौतिक सत्यापन होगा। विशेषकर सभी संस्थागत छात्र-छात्रओं का नौंवी एवं
11वीं में अग्रिम पंजीकरण कराया जाएगा। इन दोनों प्रमुख स्तर के विद्यालयों
में दाखिले के लिए ऑनलाइन पंजीकरण किए जाएंगे। पहले फर्जी एवं एक छात्र का
कई संस्थाओं में पंजीकरण कर लिया जाता था, जबकि विद्यालयों में उनके
सापेक्ष -कक्ष, अध्यापक और संसाधनों आदि संस्थानों की सुविधा उपलब्धता नहीं
होती थी।1 माध्यमिक शिक्षा परिषद की नवीन योजना के अनुसार इलाहाबाद जनपद
के विद्यालयों में जिला विद्यालय निरीक्षक अपने अधीनस्थ विद्यालयों में
अध्ययनरत सभी पंजीकृत छात्र-छात्रओं का भौतिक सत्यापन करेंगे। जिला
विद्यालय निरीक्षक आरएन विश्वकर्मा ने बताया कि फर्जी एवं एक छात्र का कई
स्थानों पर पंजीकरण की सूचनाएं निरंतर मिल रहती हैं। ऐसे में माध्यमिक
शिक्षा परिषद ने वर्तमान सत्र में हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट की परीक्षा के
लिए ऑनलाइन पंजीकरण को अनिवार्य करने का फैसला किया है। अब जनपद के सभी
विद्यालयों में उस जिले के डीआइओएस अपने अधीनस्थ अधिकारियों के माध्यम से
अग्रिम पंजीकरण की जांच करा सकते हैं। शिक्षा विभाग की इस पहल इस बात को भी
उजागर करेगी कि जिन कतिपय वित्तविहीन विद्यालयों द्वारा कक्षा 9 एवं कक्षा
11 में अत्यधिक संख्या में प्रवेश लेकर छात्र-छात्रओं का अग्रिम पंजीकरण
करा दिया जाता था, इसपर भी रोक लगेगी।
sponsored links:
लेटेस्ट Sarkari Naukri, Govt Jobs, Results, Admit Card, Exam Dates और Education News के लिए भरोसेमंद वेबसाइट – E Sarkari Naukri Blog
Important Posts
Advertisement
Breaking News
- आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और मुख्य सेविकाओं का प्रमोशन जल्द
- 26 मई 1999 का शासनादेश: जिसमे अध्यापक के रिक्त पद के सापेक्ष शिक्षामित्रों की नियुक्ति पैरा टीचर के रूप में की गयी थी,देखें आदेश की प्रति
- आचार्य और अनुदेशकों को कराई जाएगी बीटीसी, शासन ने बेसिक शिक्षा विभाग से मांगी सूची
- 2011 के पूर्व नियुक्त शिक्षकों के लिए टीईटी का विरोध
- आउटसोर्सिंग से होगी एजुकेटर की भर्ती, मिलेगा 10313 रुपये मानदेय

ليست هناك تعليقات:
إرسال تعليق