इलाहाबाद : बिहार और पश्चिम बंगाल राज्य के शिक्षा बोर्ड की फर्जी
डिग्रियां सप्लाई करने वाले गिरोह के जालसाजों की तलाश में इलाहाबाद एसटीएफ
मेरठ जाने की तैयारी में है।
125 सितंबर को एसटीएफ ने फर्जी अंक पत्र,
प्रमाणपत्र समेत अन्य दस्तावेज सप्लाई करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया
था। जालसाज बिहार संस्कृत शिक्षा बोर्ड पटना की फर्जी वेबसाइट बनाकर बिहार
शिक्षा बोर्ड तथा वेस्ट बंगाल काउंसिल आफ रविंद्र ओपन स्कूलिंग, हायर
सेकेंडरी एक्जामिनेशन बोर्ड पश्चिम बंगाल के फर्जी प्रमाणपत्र बेचते थे।
गिरोह ने फर्जी वेबसाइट तैयार कर ऑनलाइन ठगी भी शुरू कर दी। जांच और
निगरानी के बाद एसटीएफ ने धूमनगंज के मुंडेरा में आइकॉन इंटरनेशनल पब्लिक
स्कूल तथा नितेश स्टडी सेंटर के संचालक नितेश राजपूत को गिरफ्तार कर लिया।
नितेश कौशांबी के सरसवां के रहने वाले रामसिया राजपूत का बेटा है। वह
मुंडेरा में स्कूल और मकान बनवा कर रहा रहा था। उसके स्कूल में फर्जी
डिग्रियों का भंडार मिला। नितेश ने बताया कि नंबर और मेल ‘जस्ट डायल’ पर
अपलोड है। इसी के जरिए मेरठ के प्रवीन जैन और अजय ने संपर्क साधा। जालसाजों
ने उसे फर्जी डिग्रियां सप्लाई करने के लिए तैयार कर लिया। शुरू में वह
छात्र छात्रओं के नाम पते लेते थे और डिग्रियां वहां से भेज देते थे। बाद
में उसे ही सिखा दिया। वह बीस हजार रुपये में डिग्रियां सप्लाई करने लगा।
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