Important Posts

Advertisement

Govt Jobs : Opening

फर्जी प्रमाण पत्र बनवाकर हड़प ली थी बीमा की रकम, चार गिरफ्तार

मुरादाबाद : फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र के आधार पर बीमा कंपनी से साढ़े आठ लाख रुपये ऐंठने की कोशिश करने के चार आरोपितों को सोमवार को पुलिस ने क्राइम ब्रांच की मदद से गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार अभियुक्तों में एक शिक्षामित्र भी शामिल है।
प्रकरण में मुख्य अभियुक्त महिला को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। ये है पूरा मामला भगतपुर थाना प्रभारी प्रिंस शर्मा के मुताबिक थाना क्षेत्र के पतियां नंगला निवासी विजय पाल पुत्र छत्तर सिंह की शादी दो मार्च 2016 को लक्ष्मी देवी के साथ हुई थी। इसके आठ दिन बाद ही विजय पाल की हृदयाघात से मौत हो गई थी। कुछ समय व्यतीत होने के बाद लक्ष्मी देवी अपने देवर सचिन पाल के साथ जीवन यापन करने लगी। कुछ दिन बाद अपनी बुआ के लड़के राजेंद्र निवासी ग्राम कुंडेसरा थाना टाडा, रामपुर के सहयोग से सचिन व उसकी पत्‍‌नी लक्ष्मी देवी ने एक बड़ा जाल बुना। इसमें राजेंद्र का रिश्तेदार महेश भी शामिल रहा। विजय पाल का फर्जी बीमा कराकर क्लेम का भुगतान कराने में काशीपुर निवासी सरदार गुरमीत सिंह से मदद लेने की बात सामने आई। सचिन व लक्ष्मी इस पर सहमत हो गए। इसके बाद शुरू हुआ क्लेम का खेल। चारों की मुलाकात गुरमीत सिंह से हुई। विजय पाल की मौत 11 मार्च को हुई थी। जबकि फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र में यह तारीख छह नवंबर 2016 दर्शायी गई। इस प्रमाण पत्र के आधार पर ही विजय पाल की पत्‍‌नी ने साढ़े आठ लाख का दावा बीमा कंपनी पर ठोंका। दावे की पड़ताल में कंपनी को संदेह हुआ। प्राथमिक जांच में मृत्यु प्रमाण पत्र फर्जी मिला। बीमा कंपनी के मैनेजर ने तत्काल पुलिस को तहरीर दी। उन्होंने लक्ष्मी देवी व उसके वर्तमान पति सचिन के अलावा अमित पुत्र नंद किशोर निवासी मकान नंबर चार गली तीन भगत कालोनी संत नगर दिल्ली और राकेश रंजन सिंह निवासी छह नंबर राशन वाली गली नई दिल्ली के खिलाफ तहरीर दी। रिपोर्ट दर्ज कर जांच क्राइम ब्रांच को सौंपी गई। क्राइम ब्रांच की विवेचना में शिक्षामित्र (बीएलओ) शमीम पुत्र शरीफ अहमद, कुसुम देवी पत्‍‌नी महेंद्र सिंह व मदन सिंह पुत्र विजय पाल सिंह निवासी ग्राम पतियां नंगला का नाम भी सामने आया। इसके बाद क्राइम ब्रांच और भगतपुर पुलिस सक्रिय हो गई।


मुख्य आरोपित है जमानत पर सोमवार सुबह रोशनपुर रेलवे से चार आरोपितों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार अभियुक्तों में अमित, राकेश रंजन, सचिन व शमीम शामिल हैं। मुकदमे की मुख्य अभियुक्त लक्ष्मी देवी को 23 जुलाई को गिरफ्तार कर चुकी है। इस वक्त वह जमानत पर है। भगतपुर थाना प्रभारी ने बताया कि चारों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर क्राइम ब्रांच को सौंप दिया गया है। 

ليست هناك تعليقات:

إرسال تعليق

UPTET news