घोसी (मऊ)। क्षेत्र के बेलभद्रपुर गांव में सोमवार सुबह साढ़े 10 बजे सरकारी प्राइमरी स्कूल की चहारदीवारी ढहने और गेट गिरने से आठ साल के बालक की मौत हो गई। बाउंड़ी तीन माह पहले हो बनवाई गई थी। नाराज गांव बालों ने शाम चार बजे घोसी-मधुबन मार्ग पर चौथी मिल के पास शव को सड़क पर रखकर जाम लगा दिया।
वे पीड़ित परिवार को 10 लाख रुपये मुआबजा देने, स्कूल निर्माण की जांच और बच्चों को स्कूल बुलाकर खुद देर से आने बाले शिक्षकों पर कार्रवाई की मांग कर रहे थे। देर शाम तक अधिकारी ग्रामीणों को समझाने का प्रयास करते रहे। बेलभद्रपुर गांव के प्राथमिक विद्यालय के बच्चों को सोमवार को पुस्तकें देने के लिए स्कूल बुलाया गया था। ग्रामीणों के अनुसार, बच्चे स्कूल पहुंचे तो शिक्षक थे ही नहीं। सुबह लगभग साढ़े दस बजे स्कूल की चहारदीवारी और गेट भी गिर गया। इसमें दब कर गांव निवासी भीमसिंह पटेल का आठ साल का बेटा राजबीर सिंह पटेल गंभीर रूप से जख्मी हो गया। बच्चों के शोर मचाने पर पहुंचे लोग रजबीर को मलबे से निकालकर निजी अस्पताल में ले गए। कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई। घर वाले शव लेकर गांव चले गए और शाम चार बजे शव सड़क पर रख कर जाम लगा दिया। एसडीएम आशुतोष राय, तहसीलदार सुभाष चंद यादव और प्रभारी निरीक्षक समरबहादुर सिंह जाम स्थल पर पहुंच गए और गांव वालों को समझाकर जाम समाप्त करने का प्रयास करते रहे लेकिन ग्रामीण अपनी बात पर अड़े थे।

ليست هناك تعليقات:
إرسال تعليق