लखनऊ: परिषदीय प्राथमिक स्कूलों की 68,500 भर्ती के पुनर्मूल्यांकन में उत्तीर्ण अभ्यíथयों को नियुक्ति मिलने वाली है। 69,000 पदों की भर्ती तीन चरणों की काउंसिलिंग के बाद लगभग पूरी हो गई है। दोनों भर्तियों में 1.15 लाख से अधिक को नियुक्ति मिली है।
बेसिक शिक्षा विभाग ने 69,000 शिक्षक भर्ती की शीर्ष कोर्ट में सुनवाई के दौरान हलफनामा दिया था कि विभाग में 51,112 शिक्षकों के पद खाली हैं। 68,500 भर्ती में करीब 23 हजार पद खाली हैं। दोनों भर्ती के रिक्त पद जोड़कर योगी सरकार की सबसे अधिक पदों की भर्ती घोषित हो सकती है। भर्ती में उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपीटीईटी)-2020 बाधा बनेगी। परीक्षा संस्था ने दिसंबर में यह इम्तिहान कराने का प्रस्ताव दिया था। बेसिक शिक्षा मंत्री डा.सतीश द्विवेदी यह परीक्षा पहले कराने का निर्देश दे चुके हैं। अभी नए प्रस्ताव का इंतजार है। प्रदेश में बड़ी संख्या में पात्र प्रतियोगी उपलब्ध हैं।

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