प्रयागराज। डीएलएड प्रशिक्षुओं ने बुधवार को सचिव बेसिक शिक्षा परिषद कार्यालय में ज्ञापन देकर शिक्षकों के पद की गणना में शिक्षामित्रों को शामिल नहीं करने का अनुरोध किया है। प्रशिक्षित बेरोजगारों का कहना है कि पूर्णकालिक शिक्षक के रूप में शिक्षामित्रों की गणना आरटीई 2009 तथा नई शिक्षा नीति का उल्लंघन होगा।
शिक्षक छात्र अनुपात पर ही नई शिक्षक भर्ती निर्भर करती है। नई प्राथमिक शिक्षक भर्ती की राह देख रहे लाखों बेरोजगारों के साथ यह नाइंसाफी है। ज्ञापन देने वालों में पंकज मिश्रा, राहुल यादव, अखंड प्रताप, विनय प्रताप, शैलेंद्र आदि रहे। प्राथमिक स्कूलों में पिछले तीन सालों से सहायक अध्यापकों की भर्ती नहीं आई है।
लेटेस्ट Sarkari Naukri, Govt Jobs, Results, Admit Card, Exam Dates और Education News के लिए भरोसेमंद वेबसाइट – E Sarkari Naukri Blog
Important Posts
Advertisement
Breaking News
- आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और मुख्य सेविकाओं का प्रमोशन जल्द
- आचार्य और अनुदेशकों को कराई जाएगी बीटीसी, शासन ने बेसिक शिक्षा विभाग से मांगी सूची
- 2011 के पूर्व नियुक्त शिक्षकों के लिए टीईटी का विरोध
- 26 मई 1999 का शासनादेश: जिसमे अध्यापक के रिक्त पद के सापेक्ष शिक्षामित्रों की नियुक्ति पैरा टीचर के रूप में की गयी थी,देखें आदेश की प्रति
- अप्रेंटिस प्रशिक्षितों का धरना अवैध घोषित, नियुक्ति की उम्मीद की बजाए जोर का झटका मिला

ليست هناك تعليقات:
إرسال تعليق