लखनऊ। अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा चयनित हुए 7987 लेखपालों को अब नियुक्ति पत्र पाने के लिए सुप्रीम कोर्ट के फैसले का इंताजर करना होगा। इसकी सुनवाई 22 मार्च को होगी।
कुछ अभ्यर्थियों का कहना है कि राजस्व परिषद को चयनित लेखपालों की सूची आयोग ने छह जनवरी को ही दे दी थी, उसने अगर नियुक्ति पत्र बांट दिया होता तो यह मामला न फंसता।आयोग ने लेखपाल के 8085 पदों पर भर्ती निकालते हुए आवेदन मांगा था। अंतिम चयन परिणाम जारी होने के बाद कुछ अभ्यर्थी सुप्रीम कोर्ट में चले गए और सुप्रीम कोर्ट ने मामले की अंतिम फैसला आने तक नियुक्ति पत्र बांटने पर रोक लगा दी है। सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के डबल बेंच को चार हफ्तों में लंबित मामलों को निस्तारित करने का आदेश दिया है। सुप्रीम कोर्ट इसके बाद 22 मार्च को सुनवाई करेगा। आयोग के अध्यक्ष प्रवीर कुमार ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद अब नियुक्ति पत्र बांटे जाएंगे।

ليست هناك تعليقات:
إرسال تعليق