लखनऊ। प्रदेश में मतदाता सूची को त्रुटिरहित और पारदर्शी बनाने के लिए चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के तहत अब तक 3 करोड़ 23 लाख मतदाताओं को नोटिस जारी किए जा चुके हैं।
यह जानकारी मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने दी।📌 कितने नोटिस और कितनी कार्रवाई?
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कुल 3 करोड़ 26 लाख मतदाताओं को नोटिस जारी किए जाने हैं।
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अब तक 3 करोड़ 23 लाख नोटिस जारी।
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1 करोड़ 58 लाख+ मामलों में बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) द्वारा कार्रवाई पूरी।
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लगभग 90 लाख मामलों में सुनवाई संपन्न।
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SIR-2003 मैपिंग न होने के कारण 1.04 करोड़ मतदाताओं को भी नोटिस भेजे जा रहे हैं।
👥 सुनवाई के लिए 13,161 अधिकारी नियुक्त
प्रदेशभर में सुनवाई के लिए कुल 13,161 अधिकारियों की तैनाती की गई है, जिनमें:
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403 निर्वाचक रजिस्ट्रेशन अधिकारी (ERO)
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12,758 सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रेशन अधिकारी (AERO)
यह पूरी प्रक्रिया मतदाता सूची की सटीकता सुनिश्चित करने के लिए की जा रही है।
🎓 अधिकारियों को मिलेगा विशेष प्रशिक्षण
जून और सितंबर 2025 में प्रशिक्षण से वंचित रहे जिला निर्वाचन अधिकारियों और ERO को उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंधन अकादमी (UPAM), लखनऊ में प्रशिक्षण दिया जाएगा।
इसमें चित्रकूट, बलरामपुर, बस्ती, हाथरस, श्रावस्ती और कौशांबी सहित 6 जिलों के अधिकारी तथा 46 ERO भाग लेंगे।
📄 2.22 करोड़ मतदाताओं से दस्तावेज मांगे गए
जन्मतिथि और जन्मस्थान से जुड़ी विसंगतियों के चलते 2.22 करोड़ मतदाताओं को प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
मतदाता:
✔ स्वयं उपस्थित होकर
✔ या अधिकृत प्रतिनिधि के माध्यम से
निर्धारित दस्तावेज जमा कर सकते हैं।
🗳️ क्यों महत्वपूर्ण है यह प्रक्रिया?
SIR अभियान का उद्देश्य आगामी चुनावों से पहले मतदाता सूची को:
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पारदर्शी
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त्रुटिरहित
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अद्यतन
बनाना है, ताकि निष्पक्ष और सटीक मतदान सुनिश्चित किया जा सके।
👉 यदि आपको नोटिस मिला है, तो समय पर दस्तावेज जमा करना बेहद जरूरी है।