Leaderboard Ad – Below Nav

Ad – Above Posts (Multiplex/Display)

Ad – Between Posts Section

एसटीएफ ने किया फर्जी फरार शिक्षक को गिरफ्तार

लखनऊ। उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने फर्जी मार्कशीट के आधार पर शिक्षक के पद पर नौकरी करने वाले वांछित आरोपी को देवरिया से गिरफ्तार कर लिया है।

एसटीएफ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अभिषेक सिंह ने रविवार को यहां यह जानकारी दी। को फर्जी मार्कशीट के आधार पर नौकरी करने वाला वांछित अभियुक्त आदित्य सिंह को देवरिया से शनिवार को गिरफ्तार कर लिया। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों विभिन्न जिलों में फर्जी कागजात के आधार पर नौकरी करने वाले अनेक शिक्षकों को देवरिया और सिद्धार्थनगर में बर्खास्त किया गया था। आरोपियों के खिलाफ मामले दर्ज कराये गये थे। उन्होंने बताया कि फर्जी शिक्षकों को पकडऩे के लिए एसटीएफ को लगाया गया था। इसी क्रम में एसटीएफ को शनिवार को सूचना मिली कि सिद्धार्थनगर में वांछित भर्ती शिक्षक आदित्य सिंह देवरिया के सलेमपुर इलाके में स्थित अपने आवास पर आने वाला है। इस सूचना पर एसटीएफ के निरीक्षक सत्यप्रकाश सिंह के नेतृत्व में एक टीम को सलेमपुर पुलिस के साथ रवाना किया गया। जैसे ही वह अपने घर की तरफ आता दिखाई दिया तभी उसे एसटीएफ ने घेराबन्दी कर गिरफ्तार कर लिया। श्री सिंह ने गिरफ्तार फर्जी शिक्षक ने पूछताछ पर बताया कि उसने भटनी देवरिया कॉलेज से बी कॉम किया लेकिन दो बार टीईटी की परीक्षा दिया लेकिन फेल हो गया, फिर उसकी मुलाकात जितेन्द्र सिंह से हुई, जो सलेमपुर के ही रहने वाले हैं, वो भी सिद्धार्थनगर जिले के प्राईमरी विद्यालय मेंं अध्यापक है। जितेन्द्र सिंह ने उसकी मुलाकात राकेश सिंह से करायी फिर राकेश सिंह ने कहा पांच लाख रूपये लगेगें तुमको प्राईमरी विद्यालय मे अध्यापक बनवा दूगां। फिर उसने राकेश सिंह को पांच लाख रूपये दिया, राकेश सिंह ने उसके फर्जी कागजात तै बनवाये और सिद्धार्थनगर से प्राईमरी मे अध्यापक का फार्म भरवाया। वर्ष 2016 में वह सिद्धार्थनगर जिले , हरैया विकास क्षेत्र के सुनीगांव में सहायक अध्यापक के पद पर नियुक्त हुआ था। पकड़े गये आरोपी को सिद्धार्थनगर थाने में दाखिल किया गया है। आगे की विधिक कार्रवाई स्थानीय पुलिस द्वारा की जा रही है। 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

UPTET news