जेल से छूटकर आने के बाद शनिवार को एक प्रेस कान्फ्रेंस में उन्होंने थाने में पिटाई के घाव दिखाते हुए पुलिस की बर्बरता की कहानी बताई। उन्होंने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग नई दिल्ली, पुलिस महानिदेशक, प्रमुख सचिव गृह को शिकायती पत्र भेजकर घटना की जांचकर कार्रवाई की मांग की है।
लेटेस्ट Sarkari Naukri, Govt Jobs, Results, Admit Card, Exam Dates और Education News के लिए भरोसेमंद वेबसाइट – E Sarkari Naukri Blog
Important Posts
Social Media Link
Advertisement
Breaking News
- मुख्यमंत्री शिक्षक कैशलेस चिकित्सा योजना का पोर्टल चल गया है कृपया आप सभी रजिस्ट्रेशन करना प्रारंभ कर दें।
- 72825 भर्ती की याचिका में याची बनने के लिए क्या-2 चाहिए और कैसे शामिल हों, यहाँ करें सम्पर्क : प्रदेश अध्यक्ष आरटीई एक्टिविस्ट : 72825 प्रशिक्षु शिक्षकों की भर्ती Latest News
- UPTET Yachi List : 72,825 याची लिस्ट देखने और डाउनलोड करने के लिए क्लिक करें
- कीर्ति गौतम बनी माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन बोर्ड की सचिव
- प्रत्यावेदन के किये अपनी कंप्यूटर आईडी देखें : Download All District Data Of 72825 Recruitment
Govt Jobs : Opening
पुलिस ने पिलास लगाकर सपा नेता रजनीश मिश्र के उखाड़ लिए पैर के नाखून
जौनपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को काला झंडा दिखाने के आरोप में
गिरफ्तार सपा नेता रजनीश मिश्र को थाने से लेकर जेल तक यातनाएं दी गई। थाने
में सिपाही ने पिलास से लगाकर उनके दाहिने पैर के अंगूठे समेत दो
अंगुलियों के नाखून उखाड़ लिए और अंगुलियों को प्लास से दबा दिया।
जेल से छूटकर आने के बाद शनिवार को एक प्रेस कान्फ्रेंस में उन्होंने थाने में पिटाई के घाव दिखाते हुए पुलिस की बर्बरता की कहानी बताई। उन्होंने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग नई दिल्ली, पुलिस महानिदेशक, प्रमुख सचिव गृह को शिकायती पत्र भेजकर घटना की जांचकर कार्रवाई की मांग की है।
मुलायम यूथ ब्रिगेड के प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य रजनीश मिश्र को पुलिस
ने गुरुवार को सीएम योगी आदित्यनाथ को काला झंडा दिखाने के आरोप में
गिरफ्तार किया था। उन्हें शुक्रवार की शाम जेल से रिहा किया गया। नगर के
सिपाह स्थित एक होटल में रजनीश ने पीठ, गर्दन, हाथ, और पैर में चोट के
निशान दिखाते हुए कहा कि उनका मेडिकल कराने के बाद पुलिस थाने ले आई और
वहां बर्बरता से उनकी पिटाई की। लाठी और बूट से मारा गया और उनके पैर के
अंगूठा व अंगुली के नाखून प्लास से उखाड़े गए। जेल में बंदी से पिटवाने की
कोशिश की गई। वह भागते हुए जेलर के पास गए तो बंदी जेलर के पास पहुंच गया
और उनके सामने भी उन्हें गालियां देता रहा। उनका आरोप है कि जेल में उनकी
हत्या कराने योजना थी। उन्होंने कहा कि प्रदेश में चरमराई कानून व्यवस्था,
शिक्षक भर्ती में आदि जनविरोधी नीतियों के विरोध के लिए काला झंडा दिखा रहे
थे। उनके साथ लालजी पटेल, विनोद शर्मा, राजकुमार यादव, गौतम यादव,
राजबहादुर, कुंवर विकास, बृजेश यादव आदि मौजूद थे।
जेल से छूटकर आने के बाद शनिवार को एक प्रेस कान्फ्रेंस में उन्होंने थाने में पिटाई के घाव दिखाते हुए पुलिस की बर्बरता की कहानी बताई। उन्होंने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग नई दिल्ली, पुलिस महानिदेशक, प्रमुख सचिव गृह को शिकायती पत्र भेजकर घटना की जांचकर कार्रवाई की मांग की है।
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें