इलाहाबाद : परिषदीय स्कूलों की 68500 सहायक अध्यापक भर्ती परीक्षा के
रिजल्ट में गड़बड़ियों की फेहरिस्त सोमवार को जांच अधिकारी प्रमुख सचिव
चीनी उद्योग व गन्ना विकास संजय आर. भूसरेड्डी को सौंपी गई है।
अभ्यर्थियों
का कहना है कि रिजल्ट में बड़े पैमाने पर खामियां हैं परीक्षा नियामक
प्राधिकारी कार्यालय के कर्मचारियों और कॉपी जांचने वाले शिक्षकों को
निलंबित किया जाए। प्रमुख सचिव ने उन्हें आश्वस्त किया है कि इस मामले में
शासन गंभीर है, जल्द ही इन मामलों का निस्तारण होगा।
बेसिक शिक्षा परिषद के प्राथमिक स्कूलों की की पहली लिखित परीक्षा परिणाम
में तमाम सनसनीखेज प्रकरण सामने आ चुके हैं। जिन अभ्यर्थियों को रिजल्ट में
22 अंक देकर अनुत्तीर्ण किया गया, उन्हें स्कैन कॉपी में 122 तक अंक मिले
हैं। हाईकोर्ट के आदेश पर पिछले दिनों परीक्षा नियामक कार्यालय से जारी हुई
करीब 160 कॉपियों को अभ्यर्थियों ने सूचीबद्ध किया और अनूप सिंह, अंकित
वर्मा, उपेंद्र प्रताप सिंह विशाल ने सोमवार को गड़बड़ियों की पूरी सूची
लखनऊ में जांच अधिकारी कार्यालय को सौंपी है। अभ्यर्थियों का कहना था कि
मूल्यांकन की कॉपी और स्कैन के अंकों में काफी भिन्नता है इसके लिए दस
अभ्यर्थियों के नाम व अनुक्रमांक भी दिया गया है। ऐसे ही प्रश्नों के गलत
उत्तर देने पर अंक मिलने पर 15 से अधिक अभ्यर्थियों के नाम दिए गए हैं।
विशाल ने कहा कि भर्ती प्रकरण का जल्द समाधान किया जाए और कार्यालय के
कर्मचारियों व शिक्षकों पर प्रभावी कार्रवाई हो। जांच अधिकारी ने
अभ्यर्थियों से कहा कि इस मामले का हल जल्द ही सामने होगा, किसी के साथ
अन्याय नहीं होने पाएगा, जो अभ्यर्थी स्कैन कॉपी उत्तीर्ण हैं उनके संबंध
में गंभीरता से विचार हो रहा है। थोड़ा इंतजार करें, पूरी रिपोर्ट सामने
आएगी।
लेटेस्ट Sarkari Naukri, Govt Jobs, Results, Admit Card, Exam Dates और Education News के लिए भरोसेमंद वेबसाइट – E Sarkari Naukri Blog
Important Posts
Social Media Link
Advertisement
Breaking News
- UPTET फॉर्म भरते समय अपलोड होने वाले Hand written declaration/हस्तलिखित घोषणा का प्रारूप
- शिक्षामित्र स्थानांतरण 2026: आवेदन प्रक्रिया, अंतिम तिथि, नियम और नई गाइडलाइन
- 📰 TET अनिवार्यता पर बड़ी पहल: राज्यसभा सांसद ने केंद्र सरकार को लिखा पत्र
- TET छूट बिल | क्या है वायरल खबर की सच्चाई?
- 26 मई 1999 का शासनादेश: जिसमे अध्यापक के रिक्त पद के सापेक्ष शिक्षामित्रों की नियुक्ति पैरा टीचर के रूप में की गयी थी,देखें आदेश की प्रति
Govt Jobs : Opening
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें