Leaderboard Ad – Below Nav

Ad – Above Posts (Multiplex/Display)

Ad – Between Posts Section

एलटी ग्रेड परीक्षा में यूपी के दो केंद्रों पर नकलची धरे

**प्रयागराज।** उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) द्वारा राजकीय विद्यालयों में सहायक अध्यापक (एलटी ग्रेड) भर्ती के तहत आयोजित परीक्षा के दूसरे दिन रविवार को विज्ञान तथा संस्कृत विषयों की परीक्षा सम्पन्न हुई। आयोग से प्राप्त आधिकारिक सूचना के अनुसार प्रथम पाली में कुल **1,02,953 अभ्यर्थी** पंजीकृत थे, जिनमें से **48.13 प्रतिशत** ने परीक्षा में हिस्सा लिया। वहीं द्वितीय पाली में **40,402 अभ्यर्थियों** में से **65.03 प्रतिशत** उपस्थित रहे।


परीक्षा के दौरान **कानपुर नगर और प्रयागराज** जिलों में नकल व फर्जीवाड़े के दो मामले सामने आए, जिन पर तत्काल कार्रवाई की गई। कानपुर के खालसा गर्ल्स इंटर कॉलेज (केंद्र कोड 41/033) में प्रथम सत्र के दौरान विज्ञान विषय की परीक्षा में **अभ्यर्थिनी रितु श्रीवास्तव**, निवासी अम्बाह, मुरैना (मध्य प्रदेश), को प्रतिबंधित **मोबाइल फोन का दुरुपयोग करते हुए** रंगे हाथ पकड़ा गया। उसे मौके पर ही हिरासत में लेकर **उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अधिनियम, 2024** के तहत एफआईआर दर्ज की गई।


इसके अलावा, प्रयागराज के ईश्वर शरण इंटर कॉलेज (केंद्र कोड 03/238) में संस्कृत विषय की परीक्षा के दौरान **अभ्यर्थी रसना सिंह** द्वारा प्रस्तुत आईडी कार्ड **संदिग्ध पाया गया**। जांच में गड़बड़ी की पुष्टि होने पर उसके विरुद्ध भी एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू हो चुकी है।


परीक्षा के स्तर की बात करें तो उम्मीदवारों ने प्रश्नपत्र को इस बार **अधिक विश्लेषणात्मक और अवधारणा-आधारित** बताया। भौतिक विज्ञान का स्तर मध्यम रहा, जिसमें तरंग दैर्ध्य, लेंज का नियम और कथन-कारण आधारित प्रश्नों की बहुलता देखी गई। रसायन विज्ञान का खंड तुलनात्मक रूप से कठिन माना गया, जहाँ बहुलकों के आणविक भार, रेडियोधर्मी समस्थानिक तथा सिलिकॉन की संरचनात्मक इकाई जैसे विषयों पर आधारित गणनात्मक और सिद्धांत-आधारित प्रश्न पूछे गए।


**सामान्य अध्ययन** में समसामयिक घटनाओं, संविधान, तार्किक तर्क तथा विभिन्न राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय विषयों को प्रमुखता दी गई। परीक्षार्थियों के अनुसार, जिम कॉर्बेट राष्ट्रीय उद्यान, पहला कृषि विज्ञान केंद्र, स्टॉक एक्सचेंज से जुड़े युग्म, धन विधेयक, विश्व के व्यस्ततम समुद्री मार्ग तथा घटनाओं के कालक्रम से जुड़े प्रश्न विशेष रूप से ध्यान आकर्षित करने वाले रहे। एक रोचक प्रश्न में पूछा गया कि *“जब नील्स बोर ने वर्नर हाइजेनबर्ग से हाथ मिलाया तो कौन-सा बल कार्य कर रहा था?”* — जिसने कई अभ्यर्थियों को चौंका दिया।


प्रश्नपत्र में वर्ष 2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी, परिसीमन आयोग, बौद्ध ग्रंथों में वर्णित षोडश महाजनपद, बेरोजगारी संबंधी ऐतिहासिक तथ्य, मतदान की न्यूनतम आयु से जुड़े संवैधानिक संशोधन तथा **उत्तर प्रदेश सरकार के 2025–26 के बजट के आकार** पर आधारित प्रश्न भी शामिल थे, जो वर्तमान घटनाओं की महत्ता को दर्शाते हैं।


द्वितीय पाली में आयोजित संस्कृत विषय को भी अभ्यर्थियों ने **मध्यम से कठिन स्तर** का बताया। समग्र रूप से देखा जाए तो परीक्षा का रुझान इस बार अभ्यर्थियों की **अवधारणात्मक समझ और विश्लेषण क्षमता** की गहराई को परखने वाला रहा।



कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

UPTET news