लखनऊ में योगी सरकार ने अगले वित्तीय सत्र के लिए यूपी बजट 2026 की तैयारियों को अंतिम चरण में पहुंचा दिया है।
वित्त विभाग ने सभी विभागों से वित्त मंत्री के बजट भाषण के लिए तथ्यपूर्ण और गुणवत्तापूर्ण प्रस्ताव मांगे हैं। बजट भाषण में सरकार की फ्लैगशिप योजनाओं, विकास मॉडल और भविष्य की रणनीति को प्रमुखता दी जाएगी।📌 बजट भाषण को लेकर वित्त विभाग सख्त
वित्त विभाग ने स्पष्ट किया है कि—
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बजट भाषण राज्य सरकार की नीतियों और विजन का सबसे महत्वपूर्ण दस्तावेज होता है
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विशेषज्ञ और अर्थशास्त्री इसी आधार पर बजट का विश्लेषण करते हैं
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सामग्री में गलत तथ्य या कमजोर कंटेंट स्वीकार नहीं होगा
अपर मुख्य सचिव दीपक कुमार ने रिमाइंडर जारी कर बताया कि कई विभागों ने अब तक कंटेंट उपलब्ध नहीं कराया है, जबकि कुछ विभागों से जो सामग्री आई है वह बेहद लंबी और गुणवत्ताहीन है।
⏰ 8 जनवरी अंतिम तिथि तय
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सभी विभागों को
👉 8 जनवरी तक
👉 बजट भाषण के लिए
👉 संक्षिप्त, तथ्यपरक और गुणवत्तापूर्ण सामग्री
उपलब्ध करानी होगी
वित्त विभाग ने यह भी निर्देश दिया है कि
राज्यपाल के अभिभाषण और वित्त मंत्री के बजट भाषण में किसी भी प्रकार की गलती नहीं होनी चाहिए।
💰 1 ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी पर फोकस
बजट 2026 में खासतौर पर इन बिंदुओं पर जोर रहेगा—
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उत्तर प्रदेश को 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाना
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रोजगार सृजन (Employment Generation)
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इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट
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तकनीक, इनोवेशन और रिसर्च
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औद्योगिक निवेश और स्टार्टअप्स
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महिला सशक्तिकरण योजनाएं
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युवा, किसान और कमजोर वर्गों के लिए योजनाएं
🏛️ कब पेश होगा यूपी बजट 2026?
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आमतौर पर
👉 फरवरी–मार्च में
👉 वर्ष का पहला विधानमंडल सत्र
👉 बजट पेश किया जाता है
इसी कारण वित्त विभाग 3–4 महीने पहले से बजट की तैयारी शुरू कर देता है।