Leaderboard Ad – Below Nav

Ad – Above Posts (Multiplex/Display)

Ad – Between Posts Section

शिक्षामित्रों के विरुद्ध केस की आज सुप्रीमकोर्ट में हुई सुनवाई का विश्लेषण हिमांशु राणा की कलम से

आज शिक्षा मित्रों के टीईटी में बैठने के लिए सरकार द्वारा लिए गए निर्णय पर हमारी याचिका WP (c) 915/2016 Jitendra singh sengar & oths Vs State of up & oths पर कोर्ट संख्या 3 में 17 पर सुनवाई हुई जिसमे सरकार को याचिका की प्रति रिसीव कराते हुए टेट परीक्षा में बैठने की अनुमति पर सवाल उठाते हुए
न्यायमूर्ति दीपक मिश्र जी ने अगली डेट सात दिसम्बर लगाईं है जिसमे सरकार से पूछा जा सकता है कि जब इनकी ट्रेनिंग ही अमान्य है तो फिर टेट में बैठने की अनुमति कैसे ?
आज हमारी तरफ से अधिवक्ता आनंद नंदन जी और अमित पवन जी ने जिरह करते हुए पहले न्यायमूर्ति जो कि मुद्दे को 22 फ़रवरी के लिए टैग कर रहे थे को इस मुद्दे पर विचारने के लिए कहा और स्पष्ट किया कि अगर टेट करके ये लोग आ गए तो हमारी सीट्स इन्हें दे दी जाएंगी , फिर तो अर्ह अभ्यर्थियों का कोई ग्रिएवांस नहीं रह जाएगा केस में तब न्यायमूर्ति ने विचार करते हुए स्टैंडिंग काउंसल की उपस्थिति में सात दिसम्बर को पुनः सुनवाई करने के लिए कहा जिसमे पहले अंतरिम रिलीफ पर सुनवाई की जाएगी यानी कोर्ट कुछ आदेश पारित करेगी टेट परीक्षा में बैठने हेतु (उसका आंकलन आप स्वयं लगायें) फिर नोटिस करके अगली डेट देगी |
शेष विस्तार से शाम को
sponsored links:
ख़बरें अब तक - 72825 प्रशिक्षु शिक्षकों की भर्ती - Today's Headlines

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

UPTET news