जानिए पूरी व्यवस्था, नियम और जरूरी शर्तें
सरकारी कर्मचारियों की तलाकशुदा पुत्रियों के लिए एक महत्वपूर्ण राहत भरी व्यवस्था है। केंद्र व राज्य सरकार के सेवा नियमों के अनुसार, तलाकशुदा पुत्री को पारिवारिक पेंशन (Family Pension) पाने का स्पष्ट अधिकार दिया गया है, बशर्ते वह निर्धारित शर्तों को पूरा करती हो।
📌 कौन-कौन ले सकता है तलाकशुदा पुत्री के रूप में पेंशन?
तलाकशुदा पुत्री को पारिवारिक पेंशन तभी मिलेगी, जब—
✔️ वह विधवा / तलाकशुदा / अविवाहित हो
✔️ उसकी आजीविका का कोई स्थायी साधन न हो
✔️ पति से तलाक कानूनी रूप से मान्य (Court Decree) हो
✔️ वह माता-पिता पर आश्रित रही हो
👉 यह पेंशन माता-पिता (सरकारी कर्मचारी/पेंशनर) की मृत्यु के बाद देय होती है।
⚖️ नियम क्या कहते हैं?
🔹 पारिवारिक पेंशन नियमों के अनुसार,
तलाकशुदा पुत्री को भी अविवाहित पुत्री के समान श्रेणी में रखा गया है।
🔹 तलाक की तिथि माता-पिता की मृत्यु से पहले या बाद की हो सकती है,
लेकिन पेंशन का लाभ तभी मिलेगा जब वह आश्रित हो।
🔹 यदि पुत्री पुनर्विवाह कर लेती है, तो पारिवारिक पेंशन तत्काल समाप्त हो जाती है।
📄 आवश्यक दस्तावेज
तलाकशुदा पुत्री को पारिवारिक पेंशन हेतु निम्न दस्तावेज देने होंगे—
📑 तलाक का न्यायालयीन आदेश (Divorce Decree)
📑 आय प्रमाण पत्र
📑 आश्रित होने का शपथ पत्र
📑 आधार कार्ड
📑 बैंक खाता विवरण
📑 पारिवारिक विवरण (Family Register)
🏛️ आवेदन कहां करें?
✔️ संबंधित कोषागार / पेंशन कार्यालय
✔️ विभागीय पेंशन प्रकोष्ठ
✔️ HRMS / e-Pension Portal (जहां लागू हो)
📢 महत्वपूर्ण बात
यदि किसी कार्यालय द्वारा गलत तरीके से पेंशन रोकी जाती है,
तो—
⚠️ उच्च अधिकारी
⚠️ पेंशन निदेशालय
⚠️ या न्यायालय की शरण ली जा सकती है
कई मामलों में हाईकोर्ट तलाकशुदा पुत्री के पक्ष में निर्णय दे चुका है।
