नई दिल्ली। नए साल 2026 में इनकम टैक्स भरने वालों के लिए बड़े बदलाव होने जा रहे हैं। जनवरी 2026 से नया इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) फॉर्म लागू होने की उम्मीद है, जिसमें अब तक के मुकाबले बैंक ट्रांजैक्शन, निवेश और खर्चों की ज्यादा डिटेल देनी होगी।
सरकार का मकसद टैक्स सिस्टम को ज्यादा पारदर्शी और डिजिटल बनाना है। हालांकि इससे टैक्स फाइलिंग आसान होगी, लेकिन गलती या छिपी जानकारी पर नोटिस का खतरा भी बढ़ जाएगा।
🔍 नए ITR फॉर्म में क्या बदलेगा?
नए इनकम टैक्स फॉर्म में—
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✔️ बैंक खाते के लेन-देन की विस्तृत जानकारी
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✔️ खर्च और इनकम का बेहतर मिलान (Expense vs Income Matching)
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✔️ ज्यादा Pre-Filled Data, जिससे गलत जानकारी पकड़ना आसान होगा
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✔️ गलत एंट्री पर तुरंत टैक्स नोटिस की संभावना
अगर आपकी घोषित आय और वास्तविक खर्चों में अंतर पाया गया, तो इनकम टैक्स विभाग सवाल उठा सकता है।
⚠️ अप्रैल 2026 से नया इनकम टैक्स कानून संभव
सरकार इनकम टैक्स एक्ट 1961 की जगह
नया इनकम टैक्स कानून अप्रैल 2026 से लागू कर सकती है।
👉 इस नए कानून का उद्देश्य है:
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टैक्स नियमों को सरल बनाना
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टैक्स विवाद और कोर्ट केस कम करना
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आम टैक्सपेयर्स के लिए नियमों को स्पष्ट करना
📅 टैक्स प्लानिंग के लिए दिसंबर सबसे अहम
विशेषज्ञों का कहना है कि—
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दिसंबर 2025 टैक्स प्लानिंग के लिए निर्णायक महीना होगा
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निवेश, छूट और डिडक्शन की सही जानकारी पहले से तैयार रखें
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क्योंकि नए ITR फॉर्म में गलत जानकारी सुधारने की गुंजाइश कम होगी