प्रयागराज। शहर में साइबर ठगी का एक और गंभीर मामला सामने आया है। फर्जी आरटीओ चालान एप्लीकेशन के नाम पर ठगों ने एक युवक के बैंक खाते से चार लाख रुपये पार कर दिए। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, कर्नलगंज थाना
क्षेत्र के न्यू ममफोर्डगंज निवासी सुशील जायसवाल के मोबाइल पर व्हाट्सएप के जरिए आरटीओ चालान से संबंधित एक एप फाइल भेजी गई। इसके बाद दूसरे नंबर से कॉल कर उसे एप डाउनलोड करने के लिए कहा गया। जैसे ही युवक ने एप इंस्टॉल की, उसके मोबाइल पर कई बार ओटीपी आने लगे।
कुछ देर बाद अचानक उसके मोबाइल का नेटवर्क बंद हो गया। व्यस्तता के कारण उसने इस पर ध्यान नहीं दिया। तीन दिन बाद जब वह सिम चालू कराने कंपनी के स्टोर पहुंचा तो बताया गया कि उसकी सिम खराब हो गई है और नया सिम लेना होगा।
21 फरवरी 2026 को जब पीड़ित ने बैंक शाखा में जाकर स्टेटमेंट निकलवाया तो पता चला कि उसके खाते से कुल चार लाख रुपये निकाले जा चुके हैं। इसके बाद उसने कर्नलगंज थाने में एफआईआर दर्ज कराई।
ऐसे होता है एप फ्रॉड
साइबर विशेषज्ञों के मुताबिक, जालसाज आधिकारिक ऐप के नाम से फाइल व्हाट्सएप पर भेजते हैं। इसे इंस्टॉल करते ही मोबाइल का डेटा, मैसेज और बैंकिंग जानकारी हैक हो सकती है। कई मामलों में सिम स्वैप कर ठग ओटीपी हासिल कर लेते हैं और खाते से रकम उड़ा देते हैं।
बचाव के लिए रखें ध्यान
- अनजान नंबर से आई किसी भी एप फाइल को डाउनलोड न करें।
- बैंक या सरकारी संस्थाएं व्हाट्सएप पर ऐप फाइल नहीं भेजतीं।
- सिम अचानक बंद हो जाए तो तुरंत सर्विस प्रोवाइडर से संपर्क करें।
- संदिग्ध ट्रांजैक्शन दिखने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।
पुलिस ने लोगों से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध लिंक या ऐप से बचने की अपील की है।

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