समायोजन के नियम

 समायोजन के नियम

1. यू-डाइस पोर्टल पर उपलब्ध छात्र संख्या के आधार पर मानक से अधिक अध्यापक संख्या वाले विद्यालय एवं शिक्षक विहीन एवं एक शिक्षक वाले विद्यालय को चिन्हित किया जायेगा।


2. शिक्षकविहीन एवं एकल शिक्षक वाले विद्यालयों में से पूर्व में पेयर हुए विद्यालयों को छोड़कर चिन्हित अध्यापक विहीन एवं एकल अध्यापक वाले विद्यालयों में समायोजन की कार्यवाही की जाये।


2. मानक से अधिक अध्यापक संख्या वाले विद्यालय पर कार्यरत शिक्षक को विद्यालय पर अधिक ठहराव होने के कारण सरप्लस मानते हुये अन्य आवश्यकता वाले विद्यालय पर समायोजित किया जाये।


3. चिन्हित किये गये सरप्लस शिक्षकों को उनकी आयु के आधार पर अधिक आयु वाले को उनके कार्यरत विद्यालय के निकटतम विद्यालय पर समायोजित किया जाये।


4. विद्यालय में दिव्यांग शिक्षक सरप्लस होता है तो दिव्यांग शिक्षक को छोडकर अन्य वरिष्ठ शिक्षक को सरप्लस मानते हुए आवश्यकता वाले विद्यालय में समायोजित किया जाये।


5. नियमित प्रधानाध्यापक एवं 31 मार्च, 2026 को सेवानिवृत्त होने वाले शिक्षकों को समायोजन से मुक्त रखा जाये।


6. विकास खण्ड में सरप्लस शिक्षकों को उनकी आयु के आधार पर अधिक आयु वाले शिक्षक को निकटस्थ शिक्षकविहीन / एकल शिक्षक विद्यालय आवंटित किया जायेगा। इसके पश्चात् यदि विकास खण्ड में कोई शिक्षकविहीन / एकल शिक्षक विद्यालय अवशेष नहीं रहता है तो अवशेष सरप्लस शिक्षकों का समायोजन अन्य विकास खण्ड में उनकी आयु के आधार पर (अधिक आयु वाले शिक्षक को सबसे नजदीक के विद्यालय में) विद्यालय आवंटन की कार्यवाही की जाये। यथासम्भव महिला शिक्षिकाओं का समायोजन विकास खण्ड के अन्दर ही किया जाये।


7. अन्तः जनपदीय स्थानान्तरण अपेक्षाकृत से अधिक अध्यापक वाले विद्यालयों से शिक्षक विहीन तथा एकल शिक्षक वाले विद्यालयों में उस सीमा तक किया जायेगा, ताकि हर विद्यालय में कम से कम 02 अध्यापक हों।


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