Advertisement

UPTET 2026 updates : 🔔 परिषदीय विद्यालयों में शिक्षक समायोजन के नियम (2026)

 उत्तर प्रदेश के बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा शिक्षक समायोजन (Adjustment) की प्रक्रिया को पारदर्शी एवं मानक-आधारित बनाने के लिए निम्नलिखित नियम निर्धारित किए गए हैं। ये नियम यू-डाइस (UDISE) पोर्टल पर उपलब्ध छात्र संख्या के आधार पर लागू होंगे।


📌 1. विद्यालयों का चिन्हांकन

यू-डाइस पोर्टल पर दर्ज छात्र संख्या के अनुसार:

  • मानक से अधिक अध्यापक संख्या वाले विद्यालय

  • शिक्षकविहीन विद्यालय

  • एकल शिक्षक विद्यालय

को चिन्हित किया जाएगा।


📌 2. पेयर विद्यालयों को छोड़कर समायोजन

पूर्व में पेयर (Pair) किए गए विद्यालयों को छोड़ते हुए, शेष चिन्हित:

  • शिक्षकविहीन

  • एकल शिक्षक

विद्यालयों में समायोजन की कार्यवाही की जाएगी।


📌 3. सरप्लस शिक्षक की पहचान

मानक से अधिक अध्यापक संख्या वाले विद्यालयों में:

  • अधिक अवधि से कार्यरत शिक्षक को

  • सरप्लस (Surplus) मानते हुए

अन्य आवश्यकता वाले विद्यालय में समायोजित किया जाएगा।


📌 4. आयु के आधार पर समायोजन

  • चिन्हित सरप्लस शिक्षकों में से

  • अधिक आयु वाले शिक्षक को

  • उनके वर्तमान विद्यालय के निकटतम विद्यालय में

प्राथमिकता के आधार पर समायोजित किया जाएगा।


📌 5. दिव्यांग शिक्षक को छूट

यदि किसी विद्यालय में दिव्यांग शिक्षक सरप्लस की स्थिति में है, तो:

  • दिव्यांग शिक्षक को समायोजन से मुक्त रखा जाएगा

  • उनकी जगह अन्य वरिष्ठ शिक्षक को सरप्लस मानते हुए समायोजन किया जाएगा


📌 6. सेवानिवृत्त होने वाले शिक्षकों को छूट

निम्न शिक्षकों को समायोजन से मुक्त रखा जाएगा:

  • नियमित प्रधानाध्यापक

  • 31 मार्च 2026 को सेवानिवृत्त होने वाले शिक्षक


📌 7. विकास खण्ड स्तर पर समायोजन

  • विकास खण्ड में उपलब्ध सरप्लस शिक्षकों का समायोजन

  • आयु के आधार पर (अधिक आयु को प्राथमिकता)

  • निकटस्थ शिक्षकविहीन / एकल शिक्षक विद्यालय में किया जाएगा

यदि विकास खण्ड में कोई शिक्षकविहीन / एकल शिक्षक विद्यालय शेष नहीं रहता है, तो:

  • अवशेष सरप्लस शिक्षकों का समायोजन

  • अन्य विकास खण्डों में किया जाएगा

  • इसमें भी अधिक आयु वाले शिक्षक को निकटतम विद्यालय आवंटित किया जाएगा

👉 यथासंभव महिला शिक्षिकाओं का समायोजन विकास खण्ड के भीतर ही किया जाएगा।


📌 8. अन्तः जनपदीय स्थानान्तरण

  • जनपद के भीतर (Inter-District नहीं)

  • अपेक्षाकृत अधिक अध्यापक संख्या वाले विद्यालयों से

  • शिक्षकविहीन एवं एकल शिक्षक विद्यालयों में

समायोजन इस सीमा तक किया जाएगा कि:

✔️ प्रत्येक विद्यालय में न्यूनतम 02 अध्यापक अनिवार्य रूप से उपलब्ध हों।


✅ निष्कर्ष

ये समायोजन नियम यह सुनिश्चित करते हैं कि:

  • कोई भी विद्यालय शिक्षकविहीन न रहे

  • एकल शिक्षक विद्यालयों की समस्या समाप्त हो

  • वरिष्ठ, दिव्यांग एवं महिला शिक्षकों के हित सुरक्षित रहें

📢 शिक्षकों को सलाह दी जाती है कि वे अपने विद्यालय की UDISE स्थिति, सेवा अवधि और आयु संबंधी विवरण पहले से जांच लें।

UPTET news